ओवरटाइम के नियम बदल चुके हैं। 21 नवंबर 2025 से देश में चार नए labour code लागू हैं, और ओवरटाइम अब पुराने Factories Act से नहीं बल्कि Occupational Safety, Health and Working Conditions Code से तय होता है। इसके central rules 8 मई 2026 को अधिसूचित हुए। ज़्यादातर लोग अब भी पुराने नियमों से हिसाब लगा रहे हैं, इसलिए पहले समझते हैं कि नया क्या है।
ओवरटाइम कब गिना जाता है
- हफ़्ते में 48 घंटे से ज़्यादा काम हो, तो ऊपर के घंटे ओवरटाइम हैं।
- दिहाड़ी पर काम करने वालों के लिए दिन में 8 घंटे से ऊपर का समय ओवरटाइम है।
- 15 से 30 मिनट का अतिरिक्त समय आधा घंटा गिना जाता है, और 30 मिनट से ज़्यादा पूरा एक घंटा।
किस दर से पैसा मिलेगा
ओवरटाइम का पैसा आपकी सामान्य मज़दूरी की दोगुनी दर से मिलता है। सामान्य मज़दूरी का मतलब आम तौर पर basic और DA से निकली घंटे की दर है; HRA या conveyance जैसे भत्ते इसमें नहीं गिने जाते। आपकी company या राज्य के नियम इससे ज़्यादा दे सकते हैं, कम नहीं।
दो नई शर्तें: 144 घंटे और आपकी मंज़ूरी
- 2026 के central rules के मुताबिक़ किसी भी तिमाही में 144 घंटे से ज़्यादा ओवरटाइम नहीं कराया जा सकता। यह ऊपरी सीमा है, औसत नहीं।
- ओवरटाइम के लिए worker की सहमति ज़रूरी है। बिना मंज़ूरी के ओवरटाइम करवाना नियम के ख़िलाफ़ है।
- Labour केंद्र और राज्य दोनों का विषय है, इसलिए कई राज्य अपनी अलग सीमा तय कर सकते हैं। अपने राज्य के labour department के नियम ज़रूर देखें।
एक पूरा उदाहरण
मान लीजिए आपकी तनख़्वाह ₹30,000 महीना है, महीने में 26 कामकाजी दिन हैं और shift 8 घंटे की है। तो एक घंटे की दर लगभग ₹144.23 हुई, और ओवरटाइम की दोगुनी दर ₹288.46 प्रति घंटा। अगर महीने में 40 घंटे ओवरटाइम हुआ, तो उसका पैसा ₹11,538 बनता है। 144 घंटे की तिमाही सीमा यानी औसतन 48 घंटे महीना — उस पर यह ₹13,846 होगा।
किस पर ये नियम लागू नहीं होते
ये नियम 'worker' पर लागू होते हैं। जो लोग manager या supervisor की भूमिका में हैं, उन पर आम तौर पर नहीं। Office और IT कर्मचारियों के लिए आपके राज्य का Shops and Establishments कानून और company की policy देखना ज़रूरी है — वहीं से तय होगा कि ओवरटाइम मिलेगा या नहीं, और किस दर से।
अपना हिसाब ख़ुद कैसे रखें
- हर दिन का in-time और out-time लिखते रहें। विवाद होने पर यही आपका सबूत है।
- Payslip में ओवरटाइम के घंटे और दर अलग से दिखने चाहिए। न दिखें तो HR से लिखित में पूछें।
- ओवरटाइम का पैसा आपकी आय में जुड़ता है और उस पर सामान्य तरीके से टैक्स लगता है।
Frequently asked questions
- ओवरटाइम कितनी दर से मिलता है?
- नए OSH Code के तहत ओवरटाइम सामान्य मज़दूरी की दोगुनी दर से मिलता है। सामान्य मज़दूरी आम तौर पर basic और DA से निकलती है; HRA जैसे भत्ते इसमें नहीं गिने जाते।
- एक महीने या तिमाही में कितना ओवरटाइम हो सकता है?
- 2026 के central rules के अनुसार एक तिमाही में अधिकतम 144 घंटे। राज्य अपनी अलग सीमा तय कर सकते हैं, इसलिए अपने राज्य के नियम भी देखें।
- क्या company बिना पूछे ओवरटाइम करवा सकती है?
- नहीं। नए नियमों में ओवरटाइम के लिए worker की सहमति ज़रूरी है।
- ओवरटाइम का हिसाब कैसे निकालें?
- महीने की तनख़्वाह को कामकाजी दिनों और shift के घंटों से भाग देकर घंटे की दर निकालें, उसे दो से गुणा करें, और ओवरटाइम के घंटों से गुणा करें। Calculator यह हर दिन के in/out time से अपने-आप करता है।