Home loan transfer, यानी balance transfer, का मतलब है: आपका बचा हुआ loan कोई दूसरा bank चुका देता है, और अब आप उसी को कम rate पर EMI भरते हैं. Rate का फ़र्क़ आधा प्रतिशत भी हो, तो लंबे loan में रक़म बड़ी बनती है. पर transfer मुफ़्त नहीं है, इसलिए पहले हिसाब, फिर काग़ज़.
Transfer के steps
- अपने bank से outstanding का letter और documents की list लीजिए (इसे अक्सर foreclosure letter या LOD कहते हैं).
- नए bank में apply कीजिए: KYC, salary slips या ITR, पिछले 6 से 12 महीने का loan statement, और property के काग़ज़ों की copy.
- नया bank sanction देता है, property का legal और valuation check करता है.
- नया bank सीधे पुराने bank को पैसा भेजता है. पुराना bank original property documents नए bank को सौंपता है.
- नए bank के साथ नया mortgage बनता है, और नई EMI शुरू होती है.
कौन से charges लगते हैं
- पुराना bank: floating rate वाला home loan, जो किसी individual ने लिया हो, उसे जल्दी चुकाने पर RBI के नियम से कोई foreclosure charge नहीं लगता.
- नया bank: processing fee (अक्सर loan का 0.25% से 1%, या एक तय रक़म), उस पर 18% GST.
- Legal और valuation fee, और नए mortgage पर state के हिसाब से stamp duty. ये राज्य और bank के हिसाब से बदलता है.
एक हिसाब: कब फ़ायदा होता है
मान लीजिए ₹30 लाख बाक़ी है, 15 साल बचे हैं, और rate 9.25% है. दूसरा bank 8.5% दे रहा है. EMI ₹30,876 से घटकर ₹29,542 हो जाती है, यानी हर महीने ₹1,334 कम, और 15 साल में लगभग ₹2.4 लाख. अगर सारे charges मिलाकर लगभग ₹33,000 लगते हैं, तो ये खर्च लगभग 25 महीनों की बचत से वापस आता है. उसके बाद की बचत असली फ़ायदा है.
अब दूसरा रास्ता देखिए: अपने ही bank से rate कम करने को कहना (repricing). कई bank एक बार की fee लेकर rate घटा देते हैं. अगर वो 8.9% पर आ जाए, तो EMI ₹626 महीना कम होती है, 15 साल में लगभग ₹1.13 लाख. फ़ायदा कम है, पर काग़ज़ और भाग-दौड़ लगभग नहीं. दोनों को अपने numbers पर एक साथ देखिए.
Transfer vs अपने bank से repricing: अपने loan पर देखेंTransfer से पहले ये देख लें
- जितने ज़्यादा साल बचे हों, उतना फ़ायदा. आख़िरी 3–4 साल में ज़्यादातर EMI principal होती है, तब transfer से कम बचता है.
- नया rate किस benchmark से जुड़ा है (repo-linked या MCLR), और spread कितना है. कम teaser rate कुछ साल बाद बढ़ सकता है.
- Top-up loan साथ में लेना हो तो उसका rate अलग से पूछिए.
- पहले अपने bank को लिखकर rate कम करने को कहिए. नया offer हाथ में हो, तो बात आसान होती है.
Frequently asked questions
- Home loan transfer करने में कितना खर्च आता है?
- नए bank की processing fee (अक्सर 0.25% से 1%) और उस पर 18% GST, legal और valuation fee, और नए mortgage पर state की stamp duty. Floating rate home loan पर पुराना bank foreclosure charge नहीं ले सकता.
- Home loan transfer कब करना चाहिए?
- जब rate का फ़र्क़ इतना हो कि EMI में बचत कुछ ही सालों में सारे charges वापस ला दे, और loan के कई साल बाक़ी हों. पहले अपने bank से repricing पूछ लीजिए.
- Home loan transfer में कितना समय लगता है?
- आम तौर पर दो से चार हफ़्ते: नए bank का sanction, legal-valuation check, पुराने bank से documents का transfer. Bank और शहर के हिसाब से ये बदलता है.
- क्या transfer के साथ top-up loan मिल सकता है?
- हाँ, कई bank transfer के साथ top-up देते हैं, पर उसका rate home loan से अलग और अक्सर ज़्यादा होता है. उसे अलग loan की तरह परखिए.